ज़ोर से धक्का देकर मेरी चूत को चोदो



loading...

CHUDAI KI SHOKHIN SUMAN AUNTY

हैल्लो दोस्तों, मेरा नाम हम्प्टी वर्मा है और में गुजरात का रहने वाला हूँ. दोस्तों में पिछले कुछ सालों से कामुकता डॉट कॉम का बहुत बड़ा फेन हूँ और में बहुत लंबे समय से इसकी सेक्सी कहानियाँ पढ़ता आ रहा हूँ. फिर मैंने भी एक दिन सोचा कि क्यों ना में भी अपनी जिन्दगी की एक सच्ची घटना को अपने इसके चाहने वाले दोस्तों के साथ शेयर करूं?
दोस्तों में एक प्राईवेट कंपनी में नौकरी करता हूँ.

दोस्तों अब आप सभी का ज्यादा समय खराब ना करते हुए में अपनी कहानी शुरू करता हूँ. दोस्तों यह दिसम्बर की बात है, जब उस समय मुझे अपने ऑफिस के किसी जरूरी काम से अहमदाबाद जाना था. में बस पकड़ने के लिए शहर के बस स्टेंड पर गया, लेकिन वहां पर उस समय कोई भी बस अहमदाबाद जाने के लिए तैयार नहीं थी. फिर मैंने पास ही के पूछताछ काउंटर से अहमदाबाद की बस के बारे में पूछा तो उस खिड़की पर बैठे हुए अंकल ने मुझे बताया कि करीब ½ घंटे के बाद बस आ जाएगी और फिर तब तक में बस का इंतजार करने लगा. उस समय वहां पर बहुत भीड़ थी और वहाँ अधिकतर लोग भी अहमदाबाद की बस का इंतजार कर रहे थे.

तभी कुछ देर खड़े रहने के बाद मेरी नज़र वहाँ पर एक मस्त आंटी पर गई, वो मुझे बार बार चोर नज़रो से देख रही थी. वो दिखने में एकदम हॉट सेक्सी आंटी थी, उनकी उम्र करीब 38 साल के आस पास थी, लेकिन में उनको नज़रअंदाज करके अपनी बस का इंतजार करने लगा और करीब 35 मिनट के इंतजार के बाद एक बस अहमदाबाद जाने के लिए अपने प्लेटफार्म पर लगी और जैसा कि मैंने पहले आप सभी को बताया कि उस समय वहां पर बहुत भीड़ थी और वो सभी बस को पकड़ने के लिए बस की तरफ भागे, लेकिन वहाँ सबसे पहले औरतों को बस के अंदर जाने दिया जा रहा था. वहां पर कुछ गिनती की ही औरतें थे और वो सब अंदर जा चुकी थी.

फिर कुछ देर बाद मेरा नंबर आया और बहुत मुश्किल से में भी बस के अंदर चला गया, लेकिन तब तक सभी सीट फुल हो चुकी थी और तभी मैंने एक प्यारी सी आवाज़ सुनी और जब मैंने पीछे मुड़कर देखा तो वो आवाज़ उन्ही आंटी की थी, जो मुझे बार-बार बस स्टैंड पर देख रही थी और वो मुझे आवाज़ लगा रही थी, क्योंकि उन्होंने मेरी लिए एक सीट रोकी हुई थी.

फिर में उनके पास गया और उनकी बगल में बैठ गया और फिर मैंने उनको मेरे लिए सीट रोकने के लिए धन्यवाद कहा. फिर उन्होंने मुझे वेलकम कहा और उसके कुछ समय बाद बस वहाँ से रवाना हो गई और फिर हमारी इधर उधर की बातें शुरू हो गई, जैसे कि में कहाँ पर जा रहा हूँ और मेरे पूछने पर उन्होंने मुझे बताया कि वो भी अहमदाबाद में अपने किसी रिश्तेदार के घर पर जा रही थी.

फिर उन्होंने मुझसे मेरा नाम पूछा और फिर पूछा कि तुम क्या करते हो. फिर मैंने भी उनसे उनका नाम पूछा तो उन्होंने मुझे अपना नाम सुमन बताया और मैंने भी मजाकी अंदाज में कहा कि वाह बहुत मीठा नाम है. फिर उन्होंने मुझे एक स्माईल दी और उसके बाद उन्होंने मुझसे मेरे परिवार और मेरे शादीशुदा के बारे पूछा और फिर मैंने उनको बताया कि में अभी तक कुंवारा हूँ और फिर उन्होंने मुझसे मेरी गर्लफ्रेंड के बारे पूछा.

मैंने कहा कि मेरी कोई भी गर्लफ्रेंड नहीं है. फिर मेरे मुहं से मेरा जवाब सुनकर बहुत चकित होकर कहा कि ऐसा तो हो ही नहीं सकता कि तुम्हारे जैसे अच्छे दिखने वाले लड़के की कोई गर्लफ्रेंड नहीं हो? फिर मैंने उनको बहुत देर तक समझाकर विश्वास दिलवाया कि हाँ मेरी कोई भी गर्लफ्रेंड नहीं है और फिर हमारे बीच में बहुत देर तक बातें होती रही. फिर मैंने उनसे उनके पति के बारे में पूछा तो उन्होंने मुझे बताया कि उनके पति एक सरकारी विभाग में नौकरी करते है.

फिर उसके बाद मैंने उनसे उनके बच्चों के बारे में पूछा तो उन्होंने मुझे बताया कि उनके अभी तक कोई भी बच्चा नहीं है और वो यह बात मुझको बताते समय बहुत उदास लग रही थी और उसके बाद मैंने उनके परिवार के बारे में पूछा तो उन्होंने मुझे बताया कि वो अपने घर पर सिर्फ अपने पति के साथ रहती है और उनके सास-ससुर गावं में रहते है. फिर कुछ देर के बाद बस एक स्टॉप पर रुकी तो वहां से मैंने कुछ पानी के पाउच और स्नेक्स लिए और मैंने आंटी से पानी के लिए पूछा तो उन्होंने मुझसे एक पानी का पाउच ले लिया और मुझे धन्यवाद कहा.

उसके बाद बस फिर से रवाना हो गई और मैंने एक स्नेक्स का पाउच खोलकर उनकी तरफ बड़ाया तो उन्होंने उस पैकिट में से कुछ स्नेक्स ले लिए और फिर ऐसे ही एक स्नेक्स के पाउच में से हम दोनों स्नेक्स खा रहे थे तो उसी दौरान मेरा हाथ बार-बार उनको स्नेक्स देते समय उनके एकदम मुलायम बूब्स से छू रहा था, लेकिन उन्होंने मुझसे कुछ नहीं कहा और हर बार स्माईल दे रही थी और अब तो में भी कुछ कुछ गरम हो गया था.

फिर में उनको आजमाने के लिए अपना एक हाथ उनकी कमर की तरफ़ ले जाकर मैंने उनकी कमर को छुआ तो उन्होंने मेरी तरफ देखकर एक स्माईल दी और अपना हाथ मेरी जांघ पर रख दिया और धीरे धीरे हाथ को आगे बड़ाकर मेरे लंड को सहलाने लगी, मुझे उनका यह सब करना बहुत अच्छा लग रहा था. फिर में भी अपने हाथ से उनके बूब्स को छूने लगा और वो भी तेज़ी से मेरा लंड सहलाने लगी, लेकिन इस दौरान हमारी कोई बात नहीं हो रही थी, बस हम दोनों अपनी नज़रे झुकाकर यह सब कर रहे थे और कुछ टाईम बाद उन्होंने अपना हाथ मुझसे अलग कर लिया,

क्योकि अब हमारी बस अहमदाबाद शहर के अंदर पहुंच गई थी और उसके बाद उन्होंने मुझसे मेरा मोबाईल नंबर माँगा. फिर मैंने उनको अपना मोबाईल नंबर दे दिया और मैंने उनसे उनका मोबाईल नंबर ले लिया और कुछ ही मिनट में हमारी बस गीता मंदिर स्टेंड पहुँच गयी. हम एक दूसरे को बाय कहकर अलग-अलग दिशा में चले गये. फिर मैंने अहमदाबाद में पहुंचकर अपना सारा काम खत्म करके उसी शाम को में बस से अपने घर पर आ गया और जब अगले दिन मैंने उनके नंबर पर कॉल किया तो उनका मोबाईल नंबर स्विच ऑफ आ रहा था.

फिर मैंने बहुत बार ट्राई किया, लेकिन वो नंबर हमेशा स्विच ऑफ ही रहा और फिर मैंने अगले दिन भी फिर से ट्राई किया, लेकिन फिर भी स्विच ऑफ और मुझे ऐसा करते करते 15 दिन निकल गये और इस दौरान में यह सब बातें बिल्कुल भूल चुका था. फिर एक दिन अचानक उनके नंबर से मुझे कॉल आया और मैंने कॉल पिक किया तो उन्होंने मुझे बताया कि वो अहमदाबाद से कल ही आई है और उनका फोन वहां पर पानी में गिरकर खराब हो गया था और उस दिन ऐसे ही हमारे बीच में फोन पर नॉर्मल बातें होने लगी,लेकिन अब हम हर कभी एक दूसरे को फोन करने लगे और लगातार हमे ऐसा करते हुए करीब बीस दिन हो गए.

तभी एक दिन शाम को 8 बजे उनका फोन आया कि उनके पति दो दिनों के लिए मुंबई जा रहे है और फिर उन्होंने मुझे अपने घर पर 11 बजे बुलाया. फिर उसके बाद में अपनी बाईक़ लेकर 11 बजे उनके बताए हुए पते पर पहुंच गया और जैसे ही मैंने उनके घर की घंटी बजाई तो उन्होंने दरवाजा खोला और मेरी तरफ स्माईल देकर मुझे अंदर आने को कहा और फिर में तो आज बस आंटी को देखे ही जा रहा था, क्योंकि आज वो हल्के गुलाबी कलर के गाऊन में सेक्स की देवी लग रही थी.

फिर उन्होंने मुझसे बोला कि क्या तुम मुझे देखते ही रहोगे या बैठोगे भी? फिर मैंने कहा कि आंटी प्लीज आज आप मेरी बात का बिल्कुल भी बुरा मत मानना, क्योंकि आज आप इस ड्रेस में बहुत सेक्सी लग रही हो. फिर उन्होंने मेरी तरफ स्माईल देकर मुझसे ब्रेकफास्ट के बारे में पूछा, लेकिन मैंने साफ मना कर दिया. फिर वो बोली कि ऐसे थोड़ी चलता है और आज तुम मेरे घर पर पहली बार आए हो, तुम्हे कुछ तो लेना ही पड़ेगा. फिर मैंने उनसे एक कप चाय के लिए बोला और फिर वो चाय बनाने किचन में चली गई और दो कप चाय लेकर ड्रॉयिंग हॉल में आई और एक कप मुझे देकर मेरे पास में बैठ गयी. हम दोनों चाय पीने लगे और फिर वो मुझसे मेरे घर के बारे में पूछने लगी और मैंने आंटी से कहा कि आंटी अगर आपकी शादी नहीं हुई होती तो आज ही में आपसे शादी कर लेता.

फिर वो मेरी यह बात सुनकर हंसी और मेरा गाल पकड़कर कहने लगी कि फिर शादी के बाद क्या करता? फिर मैंने कहा कि में आपको दिन रात बस प्यार करता और आपका ख्याल रखता. फिर वो मेरी यह बात सुनकर ज़ोर ज़ोर से हँसने लगी और कहने लगी कि तो क्या हुआ, अब कर ले? अब तक हम दोनों की चाय खत्म हो चुकी थी. फिर मैंने आंटी को पकड़ लिया और उनको स्मूच करने लगा. फिर वो भी मुझे स्मूच कर रही थी और साथ में मेरा लंड पेंट के ऊपर से दबा रही थी और फिर मैंने उनको स्मूच करते करते उनका गाऊन ऊपर कर दिया और उनके बूब्स को ब्रा के ऊपर से ही दबाने लगा, उनका फिगर करीब 32-34-36 साईज का था. फिर स्मूच करने के बाद मैंने उनके गाऊन को ऊपर से निकाल दिया और ब्रा के हुक खोल दिए और उनके बूब्स को सक करने लगा. उनका एक हाथ मेरी कमर को सहला रहा था और दूसरा मेरे लंड को अंडरवियर के ऊपर से ज़ोर ज़ोर से हिला रहा था और वो ज़ोर से सिसकियाँ ले रही थी उह्ह्हह्ह्ह्ह वाह उफ्फ्फ्फफ्फ्फ़ हाँ और ज़ोर से सक करो, हाँ खा जाओ इन्हें उह्ह्ह्ह.

फिर उनकी बात सुनकर में और भी उत्तेजित होकर उनको और तेज़ी से सक करने लगा और उनके बूब्स को काटने लगा और इसी दौरान उन्होंने मेरी पेंट की जीप खोलकर अपना हाथ मेरी अंडरवियर में डालकर मेरे लंड को पकड़ लिया. फिर उन्होंने मुझे अचानक अपने से अलग किया और मेरी पेंट और अंडरवियर को मेरे पैर से बाहर निकाल दिया और मेरे लंड को देखकर कहने लगी कि वाह क्या मस्त लंड है? फिर मैंने कहा कि क्या आंटी आपने कभी अंकल का लंड नहीं देखा?

फिर वो बोली कि यह तो बहुत मोटा और लंबा है, उनका लंड तो तुम्हारे लंड का 1/4 हिस्सा भी नहीं है और फिर वो रोने लगी और कहने लगी कि में आज तक ऐसे लंड के लिए प्यास की आग में जलती रही. फिर मैंने उनको समझाया कि अब आज से यह लंड आपका ही है. फिर वो कुछ देर चुप हुई और लंड को सहलाने लगी. मेरा लंड तो पहले से कड़क था और उनके कोमल कोमल हाथों का स्पर्श पाकर और भी कड़क हो गया. फिर आंटी ने मुहं में लेकर मेरे लंड को आईस्क्रीम की तरह चूसने लगी और वो मेरे लंड को ऐसे पागलों की तरह चूस रही थी कि जैसे उनको बहुत सालों के बाद आज भगवान मिल गया हो और में भी उनके बूब्स को सक कर रहा था और करीब 30 मिनट के बाद मैंने उनको अलग किया और उनकी पेंटी को उतार दिया.

Hindi Sex Stories, Kamukta, Antarvasna , Hindi sex kahani

दोस्तों आप कल्पना भी नहीं कर सकते कि उनकी चूत थी या गुलाब का फूल, एकदम साफ शेव की हुई और डबल रोटी की तरह फूली हुई, उनकी चूत को देखकर मेरे मुहं में पानी आ गया और फिर में उनकी चूत को सक करने लगा और अपनी जीभ को उनकी चूत के अंदर डालकर सक करने लगा (हाँ दोस्तों मुझे चूत सक करना बहुत ही अच्छा लगता है) और वो लंबी लंबी सांसो के साथ सिसकियाँ ले रही थी और अब वो बहुत अलग तरह की आवाजें निकाल रही थी,

हाँ और ज़ोर से वाहूऊऊओ चूसो अह्ह्ह्हह्ह हाँ आज इसे खा जाओ मेरी उफ्फ्फफ्फ्फ़ इस प्यासी चूत को उईईईईई आज बुझा दो इसकी प्यास और मेरे मुहं को अपनी चूत के मुहं पर अपने दोनों हाथ से दबा रही थी और मैंने करीब 20 मिनट तक उनकी चूत को सक किया और उसके बाद वो मुझसे बोली कि हम्प्टी अब मुझसे बर्दाश्त नहीं हो रहा है, प्लीज मुझे आज जमकर जबरदस्त चोदो और मेरी चूत को एकदम शांत कर दो, इसकी तुम आज भूख मिटा दो. फिर में उनको एकदम नंगा ही अपने दोनों हाथों में उठाकर उनके बेडरूम में ले गया और उनको डॉगी स्टाईल में खड़े होने को बोला,

वो डॉगी स्टाईल में खड़ी हो गयी और में उनके पीछे जाकर अपने लंड को उनकी चूत पर सेट करने लगा, लेकिन उनकी चूत का छेद इतना टाईट था कि मुझे ऐसा लग रहा था कि वो शायद आज बहुत दिनों के बाद चुदवा रही हो और मैंने जैसे ही अपने लंड का ऊपरी भाग उनकी चूत में डाला तो वो दर्द से चीखने लगी, हाए में उह्ह्ह्हह्ह् प्लीज थोड़ा धीरे मर आईईईइ गयी, में इस लंड को उफफ्फ्फ्फ़ सहन नहीं कर सकती.

फिर मैंने आंटी से बोला कि आंटी आज थोड़ा सा सब्र रखो, क्योंकि आज पहली बार आपकी चूत मेरे लंड से खुल रही है, आपको थोड़ा दर्द तो होगा ही, लेकिन उसके बाद आपको लाईफ का मज़ा आ जाएगा, जो आज तक आपने कभी भी नहीं लिया. फिर मेरी यह बात सुनकर वो कुछ नरम पड़ी और उसके बाद मैंने अपने लंड पर थोड़ा सा तेल लगाया और उनकी चूत पर भी तेल की मालिश की और धीरे धीरे अपने लंड को उनकी चूत में डालने लगा

और वो दर्द से चीख रही थी और उनकी आँखों में से बड़े बड़े आँसू निकल रहे थे और में अपना आधे से ज़्यादा लंड उनकी चूत में डालकर धीरे धीरे अंदर बाहर कर रहा था और फिर मैंने देखा कि उनकी चूत में से छोटी छोटी खून की बूंदे बाहर आ रही थी, लेकिन मैंने उनको बोला नहीं और लगातार उनको चोदता रहा. फिर धीरे धीरे धक्कों के साथ मैंने अपना पूरा का पूरा लंड अंदर डाल दिया और चुदाई करने लगा. फिर कुछ देर बाद आंटी भी कुछ नरम हो गयी थी और अपनी गांड को पीछे की तरफ धकेल रही थी और मुझे उकसा रही थी. फिर में भी अब धीरे धीरे अपनी स्पीड बड़ाने लगा और वो तेज सिसकियाँ लेने लगी आह्ह्हह्ह्ह्ह और ज़ोर से चोदो मुझे, ऐसा लंड मैंने पहली बार देखा और अपनी चूत में लिया है अह्ह्ह्हह थोड़ा और ज़ोर से हाँ और ज़ोर से धक्का देकर मेरी चूत को चोदो.

दोस्तों उनका पूरा रूम उनकी सिसकियों की आवाज से गूँज रहा था और अब में भी अपनी फुल स्पीड से उनको धक्के देकर चोद रहा था और इसी बीच वो तीन बार झड़ चुकी थी, लेकिन अब में भी बहुत ही जल्द झड़ने वाला था. फिर मैंने अपनी स्पीड को और भी तेज कर दिया और एक ही झटके में अपना सारा वीर्य उनकी चूत में भर दिया और कुछ देर बाद हम दोनों अलग हुए और थकावट की वजह से हम दोनों नंगे ही बेड पर एक दूसरे की बाहों में पड़े रहे, लेकिन एक घंटे के बाद आंटी मेरे लंड को फिर से सहलाने लगी और मेरा लंड फिर से कड़क होकर खड़ा होने लगा और आंटी कहने लगी कि आज तेरी वजह से मेरी पहली बार सील टूटी है (दोस्तों उन्होंने अपना चूत से निकला हुआ खून देख लिया था) और वो कहने लगी कि आज तेरी वजह से ही मुझे अपनी लाईफ में लाईफ जीने का मकसद मिला है, नहीं तो मैंने अपनी लाईफ को बेकार ही समझ लिया था और वो कहने लगी कि आज तेरी वजह से ही मुझे आज नया जीवन मिला है, जिसके लिए में पिछले कई सालों से तड़प रही थी, आज से तू ही मेरा सब कुछ है और आज से तू ही मेरी चूत का मालिक है और तू मुझे कभी भी आकर चोद सकता है, में तुझे मना नहीं कर सकती.

फिर मैंने कहा कि ऐसा कुछ नहीं है, आपने भी तो मुझे अपनी चूत से प्यास बुझाने का मौका दिया है और वो लगातार मेरे लंड को सहला रही थी और फिर कुछ देर के बाद चूस भी रही थी. अब तक हम दोनों फिर से गरम हो चुके थे और उसके बाद वो मेरे ऊपर आकर अपने पैरों के सहारे मेरे पेट पर बैठकर मेरे लंड को अपनी चूत के मुहं पर सेट करके लंड के ऊपर नीचे होने लगी और में उसकी कमर को पकड़कर उसे सहारा देकर लंड को अंदर तक डालने लगा और ऐसा हमने 20 मिनट तक किया.

उसके बाद में उसके ऊपर आकर वो मेरे नीचे लेटकर मैंने उसको 40 मिनट तक चोदा और उसके बाद मैंने अपना सारा स्पर्म उनकी चूत में डालकर हम अलग अलग हुए, लेकिन अब तक हम बहुत थक चुके थे और फिर उसके बाद हमने साथ में बाथ लिया और बाथरूम में मैंने उनकी चूत पर साबुन लगाकर उसको साफ किया और सुमन ने भी मेरे लंड पर शेम्पू लगाकर बहुत अच्छी तरह घिस घिसकर साफ किया और फिर हम दोनों बाथरूम में ही 69 पोज़िशन में एक दूसरे के अंगो को सक करने लगे.

दोस्तों उसने मेरे लंड को और मैंने उनकी चूत को करीब बीस मिनट तक अच्छी तरह साफ किया और एक बार फिर हम दोनों झड़ चुके थे और मैंने उनकी चूत का सारा पानी पिया, वाह क्या स्वाद था एकदम नमकीन, मज़ा आ गया और फिर हम बाहर आए.

फिर मैंने उनसे घर जाने की अनुमति माँगी तो पहले उन्होंने मुझे साफ मना कर दिया और वो मुझसे कहने लगी कि तुम अपने घर पर जाकर क्या करोगे? लेकिन मैंने उनको एक बार फिर से आने का वादा किया और में वहां से से निकल गया. फिर दूसरे दिन भी मैंने उनको जमकर चोदा और ऐसे ही हमने दो दिन तक लगातार बहुत मज़े किए और उन्होंने मुझसे कहा कि में आज से उन्हे आंटी कहकर नहीं बुलाऊंगा और उन्होंने मुझसे उन्हे सिर्फ सुमन कहने का वादा लिया,

लेकिन दो दिन तक लगातार बहुत मज़े लेने के बाद तीसरे दिन उसके पति आ गये, लेकिन फिर भी हम उनकी गैरहाजरी में बहुत मज़े लेने लगे. उनके पति जब भी घर से बाहर जाते तो वो मुझे फोन करके अपने घर पर बुला लेती और में उनको जमकर चोदता हूँ..
धन्यवाद …



loading...

और कहानिया

loading...
2 Comments
  1. chodu
    March 26, 2017 |
  2. chodu
    March 26, 2017 |

Online porn video at mobile phone


mausha na maa ko choda aal khaneya hinde mastramdesi xnxc neenb me lanb chussax ki devi bhabhi ko paregnent krne ki new saxy kahaniइन्सेक्ट ग्रुप सेक्स कहानी विथ पोर्न पिछsAKS.KHANI.HINDI.MA.BATAKI.DOTladki ko chodnekeni badalad jaay motasex kutte ne ladke ke sath kahanebua sey sex kiya storypulisa vali ki chubai hidime xदर्द हिलने गन्दी विडियोnew indane surto ki bode masage xxx porn fillm videosसैकसी कहानियाँओर चुसो बेटी सेकसी कहानीयांsexistoriesbhabhiantarvasna.badi dadiस्टोरी सेक्सी कॉलेजladkids ladhka ko dete hai chut aur kiss. stotyभाई ने चुत ले लीsaxe kahani hindi mehindr sexअमीर घर की मुस्लिम औरत को चोदाantarwasna padosan bhabhi ki fuli hui chutलडकी के फोकी में से दूध की धार छोड़ते हुए का विडियौbabi xxx chota ladkei ke sath kahani .comchod chod aaahh fuck me aaahhhindi sex kahani with photobahen ko adala badli kar choda xxx nagi potoy aor kahaniyananad aur devar ke sath ek raat hotel mekamukta.com nirmala खतरी मजा xxxsexजांघे चौडी करके मामी बिस्तर परकहानी.XXXmaine policewaalon se chudwayaDever jetani sixy desi com sasur ne bur chod kar bhosara bana dihindesixe.comrina ki chudae ki condam se sex xxxrip sxy babee xyz hiedeसेक्स ऑडियो ऐसा की सुनकर बोर से पानी आने लगे और लंड खड़ाmajburi me mummy ne karaya gang bang police seबुरसेकसी.कहानी.फोटो.के.सातschool bus me jbrdsti sex ki kahanihindi sex kahanei bhabhi gchudai hindi kahaniyaJabardasti bhabhi ki yoni me tel dalkar chudai ki kahani in hindiसैक्स kahanihindikhanisaxभाई बहन हिन्दी सक्सी विटीव सारी मे साली की गांड मारनी है क्या करे के वो मिल जाऐhindesixe.comRandi xxx sari mai rupesh lakarmastram nateantarwasana.com kamukata with picturenni ki gaand ki xxx khanisuhagraat vidsh me antervsana hindi.cmचाची की साडी उठा खडे खडे ही चोदाladaka our padosi girl xxx ki kahanimastram.net facebook pe miili chutpregnetxhindi.com//altai-sport.ru/freehindisexstories/%E0%A4%AC%E0%A5%87%E0%A4%A4%E0%A4%BE%E0%A4%AC-%E0%A4%AD%E0%A4%BE%E0%A4%AD%E0%A5%80-%E0%A4%95%E0%A5%80-%E0%A4%9A%E0%A5%81%E0%A4%A6%E0%A4%BE%E0%A4%88/cimi.aor.mosi.ke.xxnx.compati ke sar ji se chut xxx kahanibehan ki sath kamuk harkat storyJAANVAR KE SAATH CHUDVAYA HINDI KAHANIanti ne rat ko bulakar chudya storysexy khaniya sexy ticher likhithAKELE PAKAR CHUDAI KAHANE HINDE MEजपानी लरकी बुर फारा कहानीया HDindea xxx hindee mom deda and bhai bhanchudaichudai khahani hindi mebate bap sa chudaeChaddi me ghotne wala xnxxstory saas ko jamai ne choda hinde me xxx imagexxnx माँ bafa हिंदीजपानी लरकी बुर फारा कहानीया HDdidi ki bad hamko bhi choda kahaniyabhabhi and Devar sexरेखा भाभी बस में चुत चुदाईदिदी कि चूदाई